PGDCA कोर्स की जानकारी हिंदी में

 

कंप्यूटर्स आज के समय मे कितने अहम हो चुके है ये बात तो आप सब अच्छी तरह जानते ही होंगे। जो नही जानते उनको बता दे कि कंप्यूटर्स आज के समय मे हर जगह इस्तेमाल में लाये जा रहे है चाहे वो प्राइवेट सेक्टर हो या गवर्नमेंट सेक्टर। अगर आप कोई नौकरी करना चाहते है और आपके पास कंप्यूटर की अच्छी जानकारी है तो आपको उस नौकरी को पाने में मदद मिल सकती है।

बहुत से लोग शुरुआत में बहुत सी वजह से कंप्यूटर नही सीख पाते । ऐसे में उनको बाद में काफी परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। ऐसे में अगर आप स्नातक है तो आपको और भी अधिक मुश्किलों का सामना करना पड़ सकता है।

अगर आप कंप्यूटर के प्रति नए है और उससे जुड़ी जानकारी नही है जबकि आपकी ग्रेजुएशन हो चुकी है तो आप घबराइए नही। आप ग्रेजुएशन के बाद भी कंप्यूटर का एक कोर्स कर सकते है जो आपको कंप्यूटर के ज्ञान के साथ साथ आपकी डिग्री में भी वजन जोड़ देगा।

हम बात कर रहे है कंप्यूटर के बहुत ही लोकप्रिय डिप्लोमा PGDCA के बारे में। आपने इसके बारे में अवश्य ही सुना होगा। क्योंकि यह बहुत ही अधिक चलन में है और लोकप्रिय भी है। यह कोर्स आप ग्रेजुएशन के बाद कर सकते है इसको करने के लिए आपका ग्रेजुएट होना अनिवार्य है फिर चाहे आप किसी भी डिग्री से ग्रेजुएट हो।

*PGDCA क्या है?*

PGDCA एक पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा है। जिसका फुल फॉर्म पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा इन कंप्यूटर एप्लीकेशन होता है। इस कोर्स को कोई भी स्ट्रीम का छात्र कर सकता है। अगर आप आर्ट्स, बायो या कॉमर्स स्ट्रीम से ग्रेजुएट है तब भी आप इस डिप्लोमा को कर सकते है।

PGDCA में अलग अलग तरह के कंप्यूटर से जुड़े विषयो को पढ़ाया जाता है साथ ही प्रोग्रामिंग आदि की बेसिक पढ़ाई भी इसमें कराई जाती है। यह कोर्स इस तरह से डिज़ाइन किया गया है जिसके जरिये छात्रों को जल्द से जल्द और ज्यादा से ज्यादा कंप्यूटर से जुड़ा ज्ञान मिल सके।

*PGDCA करने के लिए योग्यता*

PGDCA करने के लिए जो सबसे महत्वपूर्ण चीज़ है वह है ग्रेजुएट होना। जब तक ग्रेजुएट नही है तब तक आप इस कोर्स को नही कर सकते है। एक बार आपकी ग्रेजुएशन पूरी हो जाये तो आप अलग अलग यूनिवर्सिटी में जो कि यह कोर्स कराती है उनमे एडमिशन ले सकते है।

कुछ यूनिवर्सिटी में आपके ग्रेजुएशन के नंबर भी देखे जाते है । अगर आपके डिग्री में 50% से नंबर कम है तो आप को कुछ कॉलेज और यूनिवर्सिटी एडमिशन नही देती। आप जिस भी कॉलेज या यूनिवर्सिटी में एडमिशन लेना चाह रहे हो । उसमे एडमिशन से पहले उसके एडमिशन के प्रोसीजर को पूरी तरह से समझ ले। उसके बाद ही एडमिशन ले।

*PGDCA कोर्स की अवधि*

पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा इन कंप्यूटर एप्लीकेशन की अवधि वेसे तो 1 साल की होती है। जिसमे 2 सेमेस्टर हो सकते है या फिर यह कोर्स yearly हो सकता है। कोर्स हर यूनिवर्सिटी या कॉलेज से 1 साल का ही होता है पर हाँ कोर्स सेमेस्टर प्रणाली अनुसार होगा या इयरली यह यूनिवर्सिटी और कॉलेज के ऊपर रहता है।

कोर्स के शुरुआती 6 महीनों में जहां थ्योरी पढ़ाने पर जोर दिया जाता है वहीं अगले 6 महीनों में छात्रों को ज्यादा से ज्यादा प्रैक्टिकल ज्ञान देने की कोशिश की जाती है। जिसका इस्तेमाल वह बाहरी दुनिया मे कर सके।

*PGDCA में क्या पढ़ाया जाता है?*

PGDCA में Computer Organization and Architecture के बारे में पढ़ाया जाता है। इसके अलावा छात्रों को C Programming लैंग्वेज की भी जानकारी दी जाती है। यहां तक कि छात्रों को C++ के द्वारा OOPS की भी पढ़ाई कराई जाती है।

PGDCA के छात्र को ऑपरेटिंग सिस्टम , डेटाबेस मैनेजमेंट आदि के बारे में भी बेसिक से लेकर टेक्निकल जानकारी दी जाती है जिसका इस्तेमाल वह आगे नौकरी के दौरान करते है।

*PGDCA कोर्स की फीस*

PGDCA की कोर्स की फीस आमतौर पर तो 10,000 से 15,000 हर सेमेस्टर के हिसाब से हो सकती है पर यह फीस कॉलेज दर कॉलेज कम या ज्यादा भी हो सकती है। अच्छे ज्ञान के लिए अच्छी यूनिवर्सिटी में एडमिशन ले।

PGDCA में कुछ यूनिवर्सिटी में एडमिशन साल में 2 बार दिया जाता है । ऐसी यूनिवर्सिटी या कॉलेज में आप जनवरी और जुलाई माह में प्रवेश पा सकते है वहीं कुछ यूनिवर्सिटी में सिर्फ 1 बार ही एडमिशन दिया जाता है इसलिए एडमिशन की अच्छी जानकारी कर ले।

*PGDCA के क्या फायदे है?*

आज का युग डिजिटल युग है ऐसे में आपको हर चीज़ का इस्तेमाल करना आना चाहिए , चाहे वो मोबाइल हो या कंप्यूटर। कंप्यूटर से जुड़े कोर्स करने के वेसे तो बहुत से फायदे है पर कुछ लाभ इस प्रकार है।

• सबसे मुख्य जो लाभ होता है वह है आपका कंप्यूटर को लेकर ज्ञान बढ़ता हौ। इसके अलावा आपको कंप्यूटर के काम करने के तरीके का भी भी पता लगता है।

• कंप्यूटर आने मात्र से आपको बहुत सी सरकार व गैर सरकारी नौकरियों में लाभ प्राप्त होता है। क्योंकि यह डिप्लोमा आपके पोर्टफ़ोलिया में वजन जोड़ता है।

• आपको शायद पता न हो पर आप PGDCA करने के बाद MCA जैसे कोर्स के लिए भी अप्लाई कर सकते है। यह एक पोस्ट ग्रेजुएशन डिग्री है जो वेसे तो 3 साल की होती है पर PGDCA करने के बाद कुछ कॉलेज में आपको इसके डायरेक्ट तीसरे सेमेस्टर में प्रवेश मिलता है। इसे करने के बाद आप सॉफ्टवेयर इंजीनियर तक का ज्ञान प्राप्त कर लेते है।

*PGDCA में स्कोप*

PGDCA वेसे तो एक डिप्लोमा है पर यह उन सब लोगों के लिए बिल्कुल ही उचित है जो IT या कंप्यूटर से जुड़ी फील्ड में काम करना चाहते है। PGDCA के बाद आप कई अलग अलग तरह की जॉब्स के लिए क्वालीफाई हो जाते है और उन जॉब्स को बतौर प्रोफेशन भी अपना सकते है।

PGDCA करने के बाद आप चाहे तो कंप्यूटर की मास्टर डिग्री MCA के लिए अप्लाई कर सकते है या फिर बहुत सारी जॉब्स में से किसी एक के लिए प्रयास कर सकते है।

PGDCA करने के बाद आप इन नौकरियों में किसी एक पर काम करने योग्य हो जाते है

•सॉफ्टवेयर इंजीनियर

•डेटाबेस एडमिनिस्ट्रेटर

•प्रोग्रामर

•डेटा एंट्री ऑपरेटर

•जावा डेवलपर आदि।

*PGDCA के बाद कितने पैसे कमा सकते है?*

PGDCA के बाद अगर आप अच्छे पैसे कमाना चाहते है तो आपको MCA जैसी डिग्री अवश्य करनी चाहिए। पर अगर आप MCA नही करना चाहते तो आप साल के 2 लाख के आसपास तो कमा ही सकते है। यह आंकड़ा आपकी प्रतिभा के अनुसार बढ़ भी सकता है। इसलिए अपनी प्रतिभा को निखारें और खुद को बेहतर बनाए। पैसे और नौकरी आपके पीछे अवश्य आएंगे।

तो दोस्तो ये थी जानकारी PGDCA कोर्स के बारे में । आशा करते है आपको यह जरूर पसन्द आयी होगी।

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